ओलिंपिक-2036 की मेजबानी के लिए अब कतर भी दावेदारी पेश करेगा। कतर ने इसकी घोषणा की है। कतर ने 2022 में पुरुष फुटबॉल वर्ल्ड कप और 2019 में वर्ल्ड एथलेटिक्स चैंपियनशिप की मेजबानी की थी और वह 2030 में एशियाई खेलों की भी मेजबानी करेगा।
कतर ओलिंपिक समिति ने मंगलवार को कहा कि वह अंतरराष्ट्रीय ओलिंपिक समिति (IOC) के साथ निरंतर चर्चा में हिस्सा ले रही है। कतर ओलिंपिक समिति के अध्यक्ष शेख जुआन बिन हमद अल थानी ने कहा कि हमारे पास ओलिंपिक की मेजबानी के लिए 95% खेल ढांचा पहले से तैयार है और हमारे पास 100% सुविधाएं सुनिश्चित करने की राष्ट्रीय योजना है।
कतर और भारत के अलावा और कई देश करेंगे दावेदारी कतर और भारत के अलावा तुर्की, इंडोनेशिया, सउदी अरब और चिली भी 2036 ओलिंपिक की मेजबानी के लिए दावेदार हैं।
भारत ने कुछ दिन पहले IOC के सामने अपनी दावेदारी पेश की थी भारत ने 2036 ओलिंपिक गेम्स की मेजबानी के लिए अहमदाबाद का नाम इंटरनेशनल ओलिंपिक कमेटी (IOC) के सामने पेश किया है। इस महीने के शुरुआत में 1 जुलाई को स्विट्जरलैंड के लुजॉन में हुई बैठक में केंद्रीय खेल मंत्रालय, गुजरात सरकार और IOA अध्यक्ष पीटी उषा समेत भारतीय प्रतिनिधिमंडल ने IOC के सामने अपनी बात रखी थी।
पिछले साल दावेदारी पेश की थी पिछले साल एक अक्टूबर को भारत सरकार ने लेटर ऑफ इंटेंट के जरिए IOC से गेम्स का आयोजन कराने की इच्छा जाहिर की थी। अहमदाबाद को क्यों चुना गया? भारत की तरफ से ओलिंपिक में पहली बार आधिकारिक रूप से किसी शहर का नाम दिया गया है। भारत की ओलिंपिक कमेंटी ने कहा, अहमदाबाद में ओलिंपिक आयोजित करने से 60 करोड़ युवा भारतीयों को पहली बार देश में ओलिंपिक देखने का मौका मिलेगा। साथ ही भारत ने ‘वसुधैव कुटुम्बकम’ का संदेश देते हुए ओलिंपिक को दुनियाभर के लोगों के लिए एक परिवार जैसा अनुभव बनाया जाएगा।
















