नई दिल्ली, आईसीसी टी-20 वर्ल्ड कप 2026 के लिए अफगानिस्तान क्रिकेट बोर्ड ने अपनी टीम की घोषणा कर दी है। घोषित स्क्वॉड में अनुभव और युवा प्रतिभा का संतुलित मिश्रण देखने को मिलता है, जो अफगानिस्तान की टी-20 पहचान को दर्शाता है। खासतौर पर मजबूत स्पिन आक्रमण, आक्रामक बल्लेबाज़ और ऑलराउंडर्स इस टीम की सबसे बड़ी ताकत माने जा रहे हैं। पिछले कुछ वर्षों में अफगानिस्तान ने टी-20 क्रिकेट में जिस तरह का प्रदर्शन किया है, उसके बाद इस टीम को अब कमजोर नहीं, बल्कि एक गंभीर चुनौती के रूप में देखा जा रहा है।
अफगानिस्तान ने टी-20 वर्ल्ड कप 2026 के लिए 15 सदस्यीय टीम का ऐलान कर दिया है। टीम की कप्तानी राशिद खान को सौंपी गई है, जबकि इब्राहिम जादरान उपकप्तान होंगे। वर्ल्ड कप से पहले यह टीम UAE में वेस्टइंडीज के खिलाफ तीन मैचों की टी-20 सीरीज भी खेलेगी।
फजलहक फारूकी और गुलबदीन नईब की वापसी टीम में तेज गेंदबाज फजलहक फारूकी और ऑलराउंडर गुलबदीन नईब की वापसी हुई है। दोनों खिलाड़ियों को इससे पहले बांग्लादेश दौरे से बाहर रखा गया था। इसके अलावा मुजीब उर रहमान और नवीन-उल-हक को भी स्क्वॉड में जगह मिली है।
बल्लेबाज़ी क्रम में अफगानिस्तान ने आक्रामक ओपनर्स और स्थिर मिडिल ऑर्डर पर भरोसा जताया है। टीम का फोकस तेज़ शुरुआत, बीच के ओवरों में साझेदारी और आखिरी ओवरों में तेज़ रन बनाने की रणनीति पर है। हाल के अंतरराष्ट्रीय और फ्रेंचाइज़ी टूर्नामेंट्स में अफगान बल्लेबाज़ों के प्रदर्शन ने टीम मैनेजमेंट का आत्मविश्वास बढ़ाया है, जिसका असर चयन में साफ नजर आता है।
विशेषज्ञों का मानना है कि अफगानिस्तान अब केवल ग्रुप स्टेज तक सीमित रहने वाली टीम नहीं रही। बड़े टूर्नामेंट्स में उनकी जीत और मजबूत टीमों के खिलाफ मुकाबले उन्हें मानसिक रूप से मजबूत बनाते हैं। टी-20 वर्ल्ड कप 2026 में यह टीम उलटफेर करने की पूरी क्षमता रखती है, खासकर उन पिचों पर जहां स्पिन की भूमिका अहम होती है।
कुल मिलाकर, टी-20 वर्ल्ड कप 2026 के लिए घोषित अफगानिस्तान की टीम आत्मविश्वास, कौशल और स्पष्ट रणनीति के साथ मैदान में उतरने के लिए तैयार नजर आती है। यह स्क्वॉड न केवल अफगान क्रिकेट की प्रगति को दर्शाता है, बल्कि वैश्विक मंच पर खुद को और मजबूती से स्थापित करने की उनकी महत्वाकांक्षा को भी उजागर करता है।


















