नई दिल्ली, ऑस्ट्रेलियाई टेस्ट टीम के लिए एडिलेड हमेशा एक खास स्थल रहा है—डे-नाइट टेस्ट की गुलाबी गेंद, बाउंस और स्विंग का अनोखा मिश्रण, तथा रणनीतिक क्रिकेट का बेहतरीन मंच। ऐसे में पैट कमिंस का एडिलेड टेस्ट से वापसी करना टीम के मनोबल और पूरे बॉलिंग यूनिट के लिए बेहद अहम क्षण साबित हो रहा है। चोट और रेस्ट मैनेजमेंट के बाद कमिंस की यह वापसी न केवल उनकी फिटनेस का प्रमाण है, बल्कि ऑस्ट्रेलिया की तेज़ गेंदबाज़ी को फिर से मजबूती देती है।
ऑस्ट्रेलिया के कप्तान पैट कमिंस अगले हफ्ते 17 दिसंबर से होने वाले एडिलेड टेस्ट में टीम की कमान संभालते नजर आएंगे। वहीं तेज गेंदबाज जोश हेजलवुड इंजरी की वजह से पूरी एशेज सीरीज से बाहर हो गए हैं। वे अब टी-20 वर्ल्ड कप से पहले फिटनेस हासिल करने पर ध्यान देंगे। टी-20 वर्ल्ड कप अगले साल फरवरी-मार्च में भारत और श्रीलंका में होना है।
कोच एंड्रयू मैकडॉनल्ड ने बताया कि कमिंस पूरी तरह फिट हैं और एडिलेड में खेलने के लिए तैयार हैं। उन्होंने कहा कि उनका शरीर तैयार है। अगले हफ्ते तक किसी तरह की दिक्कत न हुई तो वही टॉस करेंगे और कप्तानी संभालेंगे।
उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि हेजलवुड सीरीज में वापसी नहीं कर पाएंगे। पहले हैमस्ट्रिंग और अब एड़ी की पास की मांसपेशियों में दिक्कत के कारण उन्हें आराम दिया गया है।
मैकडॉनल्ड ने कहा ,’हेजलवुड के लिए यह बेहद निराशाजनक है। हमें उम्मीद थी कि वे सीरीज में बड़ी भूमिका निभाएंगे, लेकिन नई चोट के कारण अब वे टी-20 वर्ल्ड कप की तैयारी पर फोकस करेंगे।’
ऑस्ट्रेलिया 2–0 से आगे स्टैंड-इन कप्तान स्टीव स्मिथ की अगुआई में ऑस्ट्रेलिया ने पर्थ और ब्रिस्बेन में खेले गए दोनों टेस्ट आठ विकेट से जीते हैं और सीरीज़ में 2–0 की बढ़त बनाए हुए है। अभी तीन टेस्ट मैच बाकी हैं। अगर ऑस्ट्रेलिया एडिलेड टेस्ट भी जीत लेता है, तो वह सीरीज़ अपने नाम कर लेगा.
एडिलेड टेस्ट में पैट कमिंस की वापसी सिर्फ एक खिलाड़ी की वापसी नहीं—it is the revival of leadership, bowling mastery, and the tactical sharpness that defines modern Australian cricket.
उनका हर स्पेल, हर ओवर और हर सेट प्लान विपक्ष के लिए चुनौती बनेगा और ऑस्ट्रेलिया के लिए बड़ी उम्मीदें लेकर आएगा।

















