भारतीय महिला क्रिकेट टीम की ऐतिहासिक जीत के बाद एक दिल छू लेने वाला पल सामने आया — जब कप्तान हरमनप्रीत कौर ट्रॉफी लेने से पहले ही मैदान पर भांगड़ा करने लगीं। यह दृश्य सिर्फ एक जश्न नहीं, बल्कि उस 47 साल के इंतजार की भावनाओं का विस्फोट था जो इस जीत के साथ खत्म हुआ।
जैसे ही फाइनल मैच में भारत की जीत तय हुई, स्टेडियम में “भारत माता की जय” और “वंदे मातरम” के नारे गूंजने लगे। कप्तान हरमनप्रीत अपने जज़्बात रोक नहीं पाईं — उन्होंने बल्ला हवा में लहराया और पंजाबी ढोल की धुन पर जोश से भांगड़ा शुरू कर दिया। पूरी टीम उनके साथ नाच उठी, दर्शक दीर्घा में बैठे हजारों प्रशंसक झूमने लगे।
विमेंस वर्ल्ड कप के फाइनल में रविवार को भारत ने साउथ अफ्रीका को 52 रन से हरा दिया। भारतीय कप्तान हरमनप्रीत कौर वर्ल्ड कप जीतने के बाद जब ट्रॉफी लेने पहुंचीं तो भांगड़ा करने लगीं। चोटिल प्रतिका रावल व्हीलचेयर से जीत सेलिब्रेट करने पहुंचीं। उन्होंने साथी प्लेयर्स के साथ डांस कर जश्न मनाया।
रविवार को अमनजोत कौर के कैच ने मैच भारत के हक में कर दिया। उन्होंने शतक लगाकर खेल रहीं साउथ अफ्रीकी कप्तान लौरा वोल्वार्ट का कैच लपका। प्रतिका रावल व्हीलचेयर पर पहुंचीं बांग्लादेश के खिलाफ चोटिल होकर विमेंस वर्ल्ड कप से बाहर होने वाली भारतीय ओपनर प्रतिका रावल व्हीलचेयर पर जीत सेलिब्रेट करने पहुंचीं। प्रतिका रावल ने टूर्नामेंट में 7 मैच खेलकर 308 रन बनाए।
सुनिधि चौहान ने राष्ट्रगान गाया सिंगर सुनिधि चौहान ने मैच से पहले भारत का राष्ट्रगान गाया। उनके साथ क्रिकेट दिग्गज सचिन तेंदुलकर भी मैदान में मौजूद रहे।
खेल विशेषज्ञों का मानना है कि यह सिर्फ क्रिकेट की जीत नहीं, बल्कि महिलाओं के सशक्तिकरण की दिशा में एक बड़ा कदम है। हरमनप्रीत की नेतृत्व क्षमता और टीम की एकजुटता ने यह साबित कर दिया कि भारतीय बेटियाँ किसी भी मंच पर विश्व विजेता बन सकती हैं।
जब ट्रॉफी कप्तान के हाथों में आई, तो पूरा स्टेडियम खड़ा हो गया — तिरंगे लहराने लगे, खिलाड़ियों ने एक-दूसरे को गले लगाया और आसमान आतिशबाज़ियों से जगमगा उठा। यह पल भारतीय खेल इतिहास के स्वर्णाक्षरों में हमेशा के लिए दर्ज हो गया।


















